श्रद्धांजलि सभा में मुख्यमंत्री ने याद किए स्वर्गीय रूपनारायण सिन्हा के योगदान, कहा- उनका जाना प्रदेश के लिए अपूरणीय क्षति
योग जगत को लगा बड़ा झटका! जिस शख्स ने छत्तीसगढ़ में जगाई योग की अलख, उनके निधन पर भावुक हुए CM साय

रायपुर। छत्तीसगढ़ के योग जगत और सामाजिक जीवन से जुड़ा एक ऐसा नाम, जिसने वर्षों तक संगठन, समाजसेवा और योग को नई पहचान दिलाने का काम किया, अब केवल यादों में रह गया है। छत्तीसगढ़ योग आयोग के अध्यक्ष स्वर्गीय रूपनारायण सिन्हा को शुक्रवार को राजधानी रायपुर में आयोजित श्रद्धांजलि सभा में भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई। इस दौरान मुख्यमंत्री विष्णु देव साय भी भावुक नजर आए और उन्होंने स्वर्गीय सिन्हा के योगदान को याद करते हुए उन्हें समाज के लिए समर्पित व्यक्तित्व बताया।
पंडित दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में आयोजित श्रद्धांजलि सभा में मुख्यमंत्री ने कहा कि रूपनारायण सिन्हा का संपूर्ण जीवन समाजसेवा, संगठन निर्माण और योग के प्रचार-प्रसार के लिए समर्पित रहा। उनका निधन केवल एक परिवार की नहीं, बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ की ऐसी क्षति है जिसकी भरपाई करना आसान नहीं होगा।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि स्वर्गीय सिन्हा एक कुशल संगठनकर्ता, सरल स्वभाव और मृदुभाषी व्यक्तित्व के धनी थे। उन्होंने अपने व्यवहार और कार्यशैली से समाज के विभिन्न वर्गों के बीच विशेष पहचान बनाई थी। योग के प्रति उनकी निष्ठा और समाज के प्रति उनका समर्पण उन्हें अन्य लोगों से अलग बनाता था।
उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ योग आयोग के अध्यक्ष बनने के बाद रूपनारायण सिन्हा ने योग को नई दिशा देने का कार्य किया। उनके प्रयासों से योग केवल स्वास्थ्य तक सीमित नहीं रहा, बल्कि जीवनशैली का हिस्सा बनकर लोगों तक पहुंचा। उन्होंने प्रदेश में योग गतिविधियों को व्यापक जनस्वीकृति दिलाने के लिए कई नवाचार किए और लगातार सक्रिय भूमिका निभाई।
मुख्यमंत्री ने उनके साथ बिताए पलों को याद करते हुए कहा कि हर मुलाकात में वे समाज में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए योग आधारित नए विचार साझा करते थे। उनकी सोच हमेशा रचनात्मक और जनहित से जुड़ी रहती थी। योग को जन-जन तक पहुंचाना ही उनके जीवन का सबसे बड़ा लक्ष्य बन चुका था।
मुख्यमंत्री ने पिछले वर्ष जशपुर के रणजीता स्टेडियम में आयोजित अंतरराष्ट्रीय योग दिवस कार्यक्रम का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि उस भव्य आयोजन की सफलता में रूपनारायण सिन्हा की महत्वपूर्ण भूमिका थी। सीमित समय में उन्होंने जिस कुशलता और प्रतिबद्धता के साथ कार्यक्रम को सफल बनाया, वह उनकी संगठन क्षमता का उत्कृष्ट उदाहरण है।
श्रद्धांजलि सभा में मुख्यमंत्री ने शोक संतप्त परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए दिवंगत आत्मा की शांति और परिजनों को इस दुःख को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की।
इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह, वन मंत्री केदार कश्यप, स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल, स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव, विधायक अमर अग्रवाल, धरमलाल कौशिक, अजय चंद्राकर, महापौर मीनल चौबे, पूर्व राज्यपाल रमेश बैस सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधियों, योग साधकों और गणमान्य नागरिकों ने उपस्थित होकर स्वर्गीय रूपनारायण सिन्हा को श्रद्धासुमन अर्पित किए।
योग और समाजसेवा के क्षेत्र में उनकी छाप इतनी गहरी है कि आने वाले वर्षों तक उनका नाम प्रेरणा और समर्पण के प्रतीक के रूप में याद किया जाता रहेगा।









