अब और इंतजार नहीं! लाइब्रेरियन भर्ती को लेकर सड़क पर उतरे अभ्यर्थी, डिप्टी CM के आवास पर प्रदर्शन
2016 के बाद से नहीं निकली भर्ती, 362 पदों की अधियाचना का दावा; PET-2025 के आधार पर जल्द नोटिफिकेशन जारी करने की मांग

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में लंबे समय से लाइब्रेरियन भर्ती का इंतजार कर रहे अभ्यर्थियों का सब्र अब जवाब देने लगा है। भर्ती नहीं निकलने से नाराज अभ्यर्थियों ने मंगलवार को उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक के आवास के बाहर प्रदर्शन किया और तत्काल भर्ती नोटिफिकेशन जारी करने की मांग उठाई।
प्रदर्शन के दौरान अभ्यर्थियों ने अपनी मांगें उपमुख्यमंत्री के सामने रखीं। मामले को गंभीरता से लेते हुए ब्रजेश पाठक ने यूपीएसएसएससी के अध्यक्ष से बात कर जल्द समाधान निकालने का आश्वासन दिया।
2016 के बाद से नहीं निकली लाइब्रेरियन भर्ती
प्रदर्शनकारी अभ्यर्थियों का कहना है कि 2016 के बाद से लाइब्रेरियन के पदों पर कोई भर्ती नहीं निकली है। उनका आरोप है कि लंबे समय से भर्ती नहीं होने के कारण योग्य उम्मीदवार बेरोजगार बैठे हैं, जबकि कई जगहों पर अयोग्य लोगों से पुस्तकालय संबंधी काम कराया जा रहा है।
अभ्यर्थियों की प्रमुख मांग है कि PET-2025 के स्कोर के आधार पर नई लाइब्रेरियन भर्ती निकाली जाए, ताकि लंबे समय से तैयारी कर रहे युवाओं को सरकारी नौकरी पाने का अवसर मिल सके।
362 पदों की अधियाचना का क्या हुआ?
प्रदर्शन में शामिल अभ्यर्थियों के अनुसार, विभाग की ओर से 362 लाइब्रेरियन पदों की अधियाचना भेजे जाने की बात कही गई थी। लेकिन उनका आरोप है कि भर्ती का नोटिफिकेशन जारी करने के बजाय हर बार अगले महीने भर्ती आने का भरोसा देकर मामला टाल दिया जाता है।
अभ्यर्थियों का कहना है कि वे लंबे समय से भर्ती की उम्मीद लगाए बैठे हैं, लेकिन अभी तक उन्हें सिर्फ आश्वासन ही मिल रहा है।
लाइब्रेरी एक्ट लागू करने की भी मांग
अभ्यर्थियों ने 2006 में बने लाइब्रेरी एक्ट के पालन की भी मांग उठाई। उनका कहना है कि प्रदेश में कई स्थानों पर लाइब्रेरी का काम ऐसे लोगों से कराया जा रहा है, जो इसके लिए योग्य नहीं हैं।
प्रदर्शनकारी सुरेश ने कहा कि डिग्री और योग्यता होने के बावजूद भर्ती नहीं निकलने से युवाओं का भविष्य प्रभावित हो रहा है। अभ्यर्थियों ने सरकार से जल्द से जल्द रिक्त पदों का विवरण जारी कर भर्ती प्रक्रिया शुरू करने की मांग की।
डिप्टी CM ने दिया जल्द समाधान का भरोसा
अभ्यर्थियों से मुलाकात के दौरान उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने उनकी समस्या सुनी और यूपीएसएसएससी अध्यक्ष से बातचीत कर जल्द समाधान निकालने का आश्वासन दिया।
उन्होंने कहा कि सरकार प्रदेश के छात्रों और युवाओं के साथ खड़ी है। उन्होंने अपने छात्र राजनीति के दिनों का जिक्र करते हुए कहा कि वे युवाओं की परेशानियों को समझते हैं और उनकी समस्या का जल्द समाधान कराया जाएगा।
फिलहाल अभ्यर्थियों की नजर अब यूपीएसएसएससी की अगली कार्रवाई पर है। अगर 362 पदों की भर्ती को लेकर प्रक्रिया आगे बढ़ती है, तो लंबे समय से इंतजार कर रहे लाइब्रेरियन अभ्यर्थियों को बड़ी राहत मिल सकती है।












