सुबह की चाय पर पड़ेगा महंगा झटका! दूध की कीमतों में बढ़ोतरी ने बढ़ाई टेंशन, जेब पर दिखेगा सीधा असर

1 मई से कई राज्यों में बदले दूध के दाम, कहीं ₹4 प्रति लीटर तो कहीं फैट के हिसाब से बड़ी बढ़ोतरी

नई दिल्ली। हर घर की सुबह जिस दूध से शुरू होती है, अब वही आम आदमी की जेब पर बोझ बढ़ाने वाला है। 1 मई से देश के कई राज्यों में दूध की कीमतों में बढ़ोतरी कर दी गई है। बढ़ती लागत और पशुपालकों के दबाव के चलते यह फैसला लिया गया है, जिसका असर सीधे उपभोक्ताओं पर पड़ेगा।

इन राज्यों में बढ़े दाम
दूध की कीमतों में बढ़ोतरी ओडिशा, केरल और पंजाब में की गई है। अलग-अलग राज्यों में सहकारी दुग्ध संघों और सरकारों ने अपने-अपने स्तर पर दरों में बदलाव किया है।

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ओडिशा में राज्य सहकारी दुग्ध उत्पादक महासंघ (OMFED) ने दूध की खरीद कीमत में ₹1 प्रति लीटर की बढ़ोतरी की है। अब किसानों को ₹38.05 की जगह ₹39.05 प्रति लीटर भुगतान किया जाएगा।

वहीं, केरल में सहकारी दुग्ध संघ मिल्मा (Milma) ने दूध की कीमतों में ₹4 प्रति लीटर तक बढ़ोतरी को मंजूरी दी है। हालांकि, यह नई दरें 1 मई से लागू नहीं हुई हैं और संभावना है कि 20 मई के बाद इन्हें लागू किया जाएगा।

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पंजाब में अलग फॉर्मूला, बड़ा असर
पंजाब में मिल्कफेड वेरका ने दूध की खरीद कीमत में ₹20 प्रति किलो फैट के हिसाब से बढ़ोतरी की है। इसका मतलब यह है कि दूध की कीमत उसके फैट कंटेंट के आधार पर बढ़ेगी। चूंकि अधिकतर कंपनियां इसी आधार पर दूध खरीदती हैं, इसलिए इसका व्यापक असर देखने को मिलेगा। यहां नई दरें 1 मई से लागू हो चुकी हैं।

पशुपालकों को राहत, उपभोक्ताओं पर बोझ
दरअसल, पशुओं के चारे और दवाइयों की बढ़ती कीमतों के कारण पशुपालक लंबे समय से दूध के दाम बढ़ाने की मांग कर रहे थे। इसी को ध्यान में रखते हुए यह फैसला लिया गया है। इससे जहां किसानों और पशुपालकों को राहत मिलने की उम्मीद है, वहीं आम लोगों की रोजमर्रा की लागत बढ़ना तय है।

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आगे और बढ़ सकते हैं दाम
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि उत्पादन लागत इसी तरह बढ़ती रही, तो आने वाले समय में दूध की कीमतों में और इजाफा हो सकता है। ऐसे में आम आदमी के बजट पर इसका असर और गहरा पड़ सकता है।

 

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