ब्रेकिंग: अनुबंध कर्मियों का मानदेय बढ़ा, 25% तक की वृद्धि के साथ 17 हजार कर्मियों को होगा फायदा

anubandh karmiyon ka maanadey badha, 25% tak kee vrddhi ke saath 17 hajaar karmiyon ko hoga phaayada
कर्मचारी न्यूज। अनुबंध स्वास्थ्यकर्मियों के लिए खुशखबरी है। एनएचएम (राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन) के तहत कार्यरत स्वास्थ्यकर्मियों को प्रतिमाह मानदेय में 10 से 25 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी की गई है। विकास आयुक्त विवेक कुमार सिंह की अध्यक्षता में शुक्रवार को शासी निकाय की बैठक में मानदेय बढ़ाने का निर्णय लिया गया।
कितनी होगी बढ़ोतरी
इस फैसले से लगभग 8 हजार एएनएम सहित विभिन्न पदों के 17 हजार कर्मियों को लाभ होगा। जिन कर्मियों का मानदेय कम था, उसके मानदेय में 25 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी हुई है, जबकि पहले से जिनका अधिक मानदेय था, उन्हें 10 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी दी गई है। संविदा वाले कर्मियों का न्यूनतम मानदेय 15 हजार रुपये होगा।
महंगाई से थोड़ी मिलेगी राहत
बैठक में स्वास्थ्य विभाग के सचिव सह राज्य स्वास्थ्य समिति के कार्यपालक पदाधिकारी संजय कुमार सिंह सहित वित्त और विभिन्न विभागों के अधिकारी भी मौजूद रहे। उदाहरण के तौर पर जिन एएनएम का मानदेय अभी 12500 रुपये है उन्हें अब 15 हजार रुपये मिलेंगे। संविदाकर्मियों के मानदेय में ढाई से पांच हजार रुपए की बढ़ोतरी की गई है।
वर्तमान में मिलता है इतना मानदेय, अब होगी वृद्धि
एएनएम 12500 रुपये
प्रखंड सामुदायिक उत्प्रेरक 12 हजार
लेखापाल 12500
प्रखंड मूल्यांकन सहायक 12500
कालाजार टेक्नीशियन 12 हजार
परिवार नियोजन परामर्शी 15 हजार
ब्लॉक हेल्थ मैनेजर 18 हजार
हॉस्पीटल मैनेजर 25 हजार
जीएनएम ए ग्रेड 20 हजार
डीपीएम 32 हजार
जिला लेखा प्रबंधक 32 हजार
जिला प्लानिंग को ऑडिनेटर 20 हजार
आशा को ऑडिनेटर 20 हजार
डाटा सहायक 12500
क्षेत्रीय कार्यक्रम प्रबंधक 43 हजार
रिजनल एकाउंट मैनेजर 35 हजार
क्या है प्रावधान
राज्य स्वास्थ्य समिति के तहत राज्य प्रबंधक इकाई से लेकर स्वास्थ्य उप केंद्र स्तर तक के संविदा के आधार पर नियोजित सभी कर्मियों के वार्षिक वेतन वृद्धि का प्रावधान है। नियम प्रावधान के अनुसार संविदा कर्मियों को वार्षिक मूल्यांकन कर 10 प्रतिशत तक वार्षिक वृद्धि दी जा सकती है।
5 से 10 प्रतिशत तक दी जा सकती है वार्षिक वृद्धि
किसी कारण यदि वार्षिक मूल्यांकन नहीं होता है तो कर्मियों को न्यूनतम 5 प्रतिशत तक वार्षिक वृद्धि देने का प्रावधान है। स्वास्थ्य सचिव के अनुसार किसी भी स्वास्थ्य संविदा कर्मियों का मानदेय न्यूनतम मजदूरी से कम नहीं होगा। संविदाकर्मियों को उनकी योग्यता और कार्य प्रगति के आधार पर भी मानदेय में बढ़ोतरी होगी। इस आदेश से प्रखंड से लेकर राज्य स्तर तक के कर्मियों को लाभ होगा, जिसका इंतजार लंबे समय से अनुबंध कर्मी कर रहे थे।












