सुबह-सुबह चला सीक्रेट ऑपरेशन! 3 लेयर सुरक्षा, 35 जवान और चंद मिनटों में जंतर-मंतर से अस्पताल पहुंचे सोनम वांगचुक

दिल्ली पुलिस की विशेष रणनीति के तहत जंतर-मंतर से हटाए गए सोनम वांगचुक। पुलिस सूत्रों के अनुसार, ऑपरेशन बेहद सीमित जानकारी और कड़ी गोपनीयता के साथ अंजाम दिया गया।

नई दिल्ली।

अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे क्लाइमेट एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक को शनिवार सुबह दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर से सफदरजंग अस्पताल पहुंचाया। पुलिस के शीर्ष सूत्रों के अनुसार, यह कार्रवाई नए पुलिस आयुक्त अनुराग कुमार के कार्यभार संभालने के बाद बनी विशेष रणनीति के तहत की गई।

सूत्रों का दावा है कि ऑपरेशन को सुबह के समय अंजाम दिया गया, क्योंकि उस समय प्रदर्शनकारियों की संख्या सबसे कम थी। साथ ही, वांगचुक के करीबी सहयोगी अभिजीत दिपके के कुछ समय के लिए विरोध स्थल से दूर होने के दौरान कार्रवाई की गई।

30-35 जवान, तीन लेयर और सीक्रेट प्लान

सूत्रों के मुताबिक, नई दिल्ली जिले के स्पेशल स्टाफ और स्थानीय पुलिस के करीब 30 से 35 जवान सादे कपड़ों में बैरिकेड वाले प्रदर्शन स्थल में पहुंचे। बताया गया कि पूरे ऑपरेशन की जानकारी केवल चुनिंदा वरिष्ठ अधिकारियों तक सीमित रखी गई थी, जबकि अधिकांश पुलिसकर्मियों को सिर्फ ड्यूटी स्थल पर पहुंचने के निर्देश दिए गए थे।

आरोपों और सूत्रों के अनुसार, पुलिसकर्मियों ने पहले सोनम वांगचुक के बिस्तर को चारों ओर से सफेद चादरों से ढका, ताकि भीड़ इकट्ठा न हो और फिर उन्हें सुरक्षित तरीके से एम्बुलेंस तक ले जाया गया।

तीन चरणों में पूरा हुआ ऑपरेशन

सूत्रों के अनुसार, ऑपरेशन को तीन चरणों में अंजाम दिया गया—

  • पहला चरण: सादे कपड़ों में पुलिसकर्मियों ने मंच को सुरक्षित करते हुए वांगचुक को वहां से हटाया।
  • दूसरा चरण: CRPF और RAF के जवानों ने बैरिकेड के बाहर मौजूद प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित रखा ताकि कोई टकराव न हो।
  • तीसरा चरण: दिल्ली पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने कंट्रोल पॉइंट से पूरे अभियान की निगरानी की और एम्बुलेंस को सुरक्षित रवाना कराया। ट्रैफिक पुलिस ने अस्पताल तक रास्ता भी साफ रखा।

सहयोगी ने उठाए सवाल

ऑपरेशन के कुछ देर बाद वांगचुक के सहयोगी अभिजीत दिपके मौके पर लौटे और आरोप लगाया कि उनकी गैरमौजूदगी में सोनम वांगचुक को वहां से ले जाया गया। उन्होंने आंदोलन जारी रखने और स्वयं भूख हड़ताल पर बैठने की घोषणा की।

दिल्ली पुलिस का पक्ष

नई दिल्ली के डीसीपी ने कहा कि यह कार्रवाई दिल्ली हाई कोर्ट के आदेशों और मेडिकल विशेषज्ञों की सलाह के अनुरूप की गई। पुलिस के अनुसार, सोनम वांगचुक की बिगड़ती सेहत को देखते हुए उन्हें आवश्यक इलाज के लिए सफदरजंग अस्पताल ले जाया गया।

पुलिस ने यह भी बताया कि कार्रवाई के दौरान कुछ प्रदर्शनकारियों ने बाधा डालने की कोशिश की, लेकिन पूरे अभियान को शांतिपूर्ण और सुरक्षित तरीके से पूरा किया गया। साथ ही जंतर-मंतर पर मौजूद प्रदर्शनकारियों से शांतिपूर्वक स्थल खाली करने की अपील भी की गई।

 

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

close