झारखंड: मुख्यमंत्री दावोस–लंदन की यात्रा से लौटे, रांची एयरपोर्ट पर हुआ भव्य स्वागत, बोले—‘वैश्विक मंच पर झारखंड ने दर्ज कराई मजबूत उपस्थिति’

Jharkhand: Chief Minister returns from Davos-London trip, receives grand welcome at Ranchi airport, says, 'Jharkhand has made a strong presence on the global stage'

रांची। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन स्विट्जरलैंड के दावोस में आयोजित वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम (WEF) और लंदन की आधिकारिक यात्रा पूरी कर झारखंड लौट आए। रांची एयरपोर्ट पर उनके आगमन पर झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के कार्यकर्ताओं और नेताओं ने ढोल-नगाड़ों के साथ उनका भव्य स्वागत किया। मुख्यमंत्री के साथ विधायक कल्पना सोरेन भी मौजूद रहीं।

स्वागत करने वालों में राज्यसभा सांसद महुआ माजी, झामुमो केन्द्रीय महासचिव विनोद पांडे सहित पार्टी के कई वरिष्ठ नेता और कार्यकर्ता शामिल रहे।मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने एयरपोर्ट पर उपस्थित कार्यकर्ताओं का अभिवादन स्वीकार करते हुए इस विदेश यात्रा को झारखंड के लिए ऐतिहासिक और विकास की दृष्टि से महत्वपूर्ण बताया।

ये खबर भी पढ़ें…
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

इस दौरान मीडिया से बातचीत में मुख्यमंत्री ने कहा कि दावोस में आयोजित वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम जैसे वैश्विक मंच पर झारखंड ने अपनी बात मजबूती से रखी है। उन्होंने कहा कि समय-समय पर इस यात्रा से जुड़ी जानकारियां मीडिया और जनता तक पहुंचती रही हैं, जिससे यह स्पष्ट होता है कि सरकार ने दावोस और लंदन दोनों जगह झारखंड की आवाज पहुंचाने का गंभीर प्रयास किया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य गठन के बाद यह पहली बार है जब झारखंड ने इतने बड़े वैश्विक मंच पर अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है। उन्होंने इसे राज्य के लिए एक नया अनुभव बताते हुए कहा कि विश्व आर्थिक मंच में शामिल होकर सरकार को वैश्विक स्तर पर निवेश, उद्योग, शिक्षा और विकास के नए दृष्टिकोणों को समझने का अवसर मिला है। इसी अनुभव के साथ प्रतिनिधिमंडल की झारखंड वापसी हुई है।

ये खबर भी पढ़ें…
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने भरोसा जताया कि वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम के माध्यम से प्राप्त अनुभव का लाभ राज्य को अवश्य मिलेगा। उन्होंने कहा कि झारखंड की पहचान उसकी जल, जंगल और जमीन से है और सरकार इन संसाधनों के संरक्षण के साथ-साथ विकास के नए आयाम स्थापित करने की दिशा में काम करेगी। इस अनुभव का उपयोग झारखंड के समस्त जनमानस और यहां की अपार संभावनाओं को साकार करने में किया जाएगा।

उन्होंने यह भी कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि आने वाली पीढ़ी को बेहतर दिशा दी जाए। इसी उद्देश्य से शिक्षा के क्षेत्र में नए आयाम जोड़ने का प्रयास किया गया है, जिससे राज्य की युवा पीढ़ी को मजबूती मिलेगी।

ये खबर भी पढ़ें…
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.


मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड में विकास की असीम संभावनाएं हैं और इन सभी संभावनाओं को मूर्त रूप देकर राज्य को प्रगति के पथ पर अग्रसर करना सरकार का संकल्प है।

गौरतलब है कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में पहली बार झारखंड से 11 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल दावोस में आयोजित वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम की वार्षिक बैठक में शामिल हुआ। इस प्रतिनिधिमंडल की भागीदारी को राज्य के लिए एक ऐतिहासिक उपलब्धि माना जा रहा है।

इस सम्मेलन में विश्व के प्रमुख निवेशक, उद्योगपति और गणमान्य व्यक्तियों की सहभागिता रही, जिनके साथ झारखंड में निवेश और विकास की संभावनाओं पर चर्चा की गई।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

close