UP वालों हो जाएं सावधान! 4 दिन तक आसमान बरपाएगा कहर, इन जिलों में मूसलाधार बारिश और वज्रपात का रेड अलर्ट
22 से 25 जुलाई तक उत्तर प्रदेश में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी, कई जिलों में बाढ़, जलभराव और आकाशीय बिजली का खतरा।

लखनऊ।
उत्तर प्रदेश में मानसून ने रौद्र रूप धारण कर लिया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के क्षेत्रीय मौसम केंद्र, लखनऊ ने राज्य के कई जिलों के लिए 22 से 25 जुलाई तक भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान बिना जरूरी काम के घरों से बाहर न निकलें और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें।
मौसम विभाग के अनुसार 22 और 23 जुलाई को प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में गरज-चमक के साथ व्यापक बारिश होगी, जबकि 24 और 25 जुलाई को भी कई जिलों में तेज बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है। कुछ इलाकों में अत्यधिक बारिश के कारण जनजीवन प्रभावित हो सकता है।
इन जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट
आईएमडी ने बांदा, चित्रकूट, प्रयागराज, सोनभद्र, मिर्जापुर, महोबा और ललितपुर समेत आसपास के इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।
इसके अलावा कौशांबी, फतेहपुर, प्रतापगढ़, चंदौली, वाराणसी, भदोही, हरदोई, फर्रुखाबाद, कन्नौज, कानपुर देहात, कानपुर नगर, उन्नाव, रायबरेली, सहारनपुर, आगरा, फिरोजाबाद, इटावा, औरैया, बिजनौर, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, पीलीभीत, शाहजहांपुर, जालौन, हमीरपुर और झांसी सहित कई जिलों में भी भारी बारिश की संभावना जताई गई है।
आकाशीय बिजली का भी खतरा
मौसम विभाग ने कई जिलों में मेघगर्जन के साथ वज्रपात की चेतावनी भी जारी की है। लोगों को सलाह दी गई है कि बिजली चमकने के दौरान खुले मैदान, पेड़ों के नीचे और जलाशयों के आसपास जाने से बचें तथा सुरक्षित स्थानों पर ही रहें।
जलभराव और यातायात हो सकता है प्रभावित
लगातार हो रही बारिश के चलते निचले इलाकों में जलभराव, नदियों और जलाशयों के जलस्तर में बढ़ोतरी, सड़क और रेल यातायात में बाधा, बिजली आपूर्ति प्रभावित होने और कच्चे मकानों को नुकसान पहुंचने की आशंका जताई गई है।
किसानों और आम लोगों के लिए एडवाइजरी
मौसम विभाग ने किसानों को खेतों से अतिरिक्त पानी की निकासी सुनिश्चित करने और फसलों में जलभराव न होने देने की सलाह दी है। वहीं आम लोगों से अपील की गई है कि खराब मौसम में अनावश्यक यात्रा से बचें, सुरक्षित भवनों में रहें और स्थानीय प्रशासन व मौसम विभाग द्वारा जारी चेतावनियों का पालन करें।












