जियो IPO से पहले अंबानी परिवार में सबसे बड़ा दांव! आकाश को मिली कमान, ईशा और अनंत रह गए पीछे
133 अरब डॉलर वाली कंपनी में बड़ा बदलाव, लिस्टिंग से पहले आकाश अंबानी बने मैनेजिंग डायरेक्टर

देश की सबसे बड़ी डिजिटल और टेलीकॉम कंपनियों में शामिल जियो प्लेटफॉर्म्स ने अपने बहुप्रतीक्षित IPO से पहले ऐसा फैसला लिया है, जिसने कॉर्पोरेट जगत में हलचल मचा दी है। कंपनी ने आकाश अंबानी को अगले 5 साल के लिए अपना मैनेजिंग डायरेक्टर नियुक्त कर दिया है। इस फैसले के बाद आकाश अंबानी, अपने भाई-बहनों ईशा अंबानी और अनंत अंबानी से आगे निकलते नजर आ रहे हैं।
जियो प्लेटफॉर्म्स की ओर से यह नियुक्ति 9 अप्रैल 2026 से प्रभावी मानी जाएगी। कंपनी जल्द ही बाजार नियामक सेबी के पास अपना ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस यानी DRHP दाखिल करने जा रही है। माना जा रहा है कि IPO से पहले यह नेतृत्व बदलाव बेहद रणनीतिक कदम है।
कंपनी ने कॉर्पोरेट मामलों के मंत्रालय को सौंपे दस्तावेजों में बताया कि बोर्ड ने 9 अप्रैल को हुई बैठक में आकाश अंबानी को मैनेजिंग डायरेक्टर नियुक्त करने का फैसला लिया था। उनकी नियुक्ति को कंपनी के सदस्यों की मंजूरी भी मिल चुकी है। वेतन और अन्य सुविधाएं नॉमिनेशन एंड रेम्युनरेशन कमेटी की सिफारिशों के आधार पर तय की जाएंगी।
आकाश अंबानी रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी के सबसे बड़े बेटे हैं। उन्होंने अमेरिका की ब्राउन यूनिवर्सिटी से इकोनॉमिक्स की पढ़ाई की है। पढ़ाई पूरी करने के बाद 2014 में वह रिलायंस जियो इन्फोकॉम से जुड़े थे। शुरुआत में उन्हें नॉन-एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर बनाया गया था, लेकिन बाद में जून 2022 में उन्हें रिलायंस जियो इन्फोकॉम का चेयरमैन नियुक्त किया गया।
जियो प्लेटफॉर्म्स ने बोर्ड में बड़ा बदलाव करते हुए मशहूर कॉर्पोरेट वकील जिया जयदेव मोदी को भी स्वतंत्र निदेशक बनाया है। वह AZB एंड पार्टनर्स की को-फाउंडर और मैनेजिंग पार्टनर हैं। उनकी नियुक्ति के बाद जियो प्लेटफॉर्म्स बोर्ड में कुल 10 सदस्य हो गए हैं।
फिलहाल जियो प्लेटफॉर्म्स भारत की सबसे बड़ी टेलीकॉम और डिजिटल सर्विस कंपनी मानी जाती है। मार्च 2026 तक कंपनी के कुल ग्राहकों की संख्या 52.44 करोड़ पहुंच चुकी है। रिलायंस जियो देश की सबसे बड़ी टेलीकॉम ऑपरेटर है और जियो प्लेटफॉर्म्स के कारोबार का सबसे बड़ा हिस्सा संभालती है।
कंपनी का आने वाला IPO भारत के कॉर्पोरेट इतिहास का सबसे बड़ा निजी IPO माना जा रहा है। मॉर्गन स्टैनले और सिटी रिसर्च के विश्लेषकों ने जियो प्लेटफॉर्म्स का वैल्युएशन करीब 133 अरब डॉलर आंका है। यही वजह है कि निवेशकों और बाजार की नजरें इस लिस्टिंग पर टिकी हुई हैं।
मुकेश अंबानी पहले ही संकेत दे चुके हैं कि जियो प्लेटफॉर्म्स की लिस्टिंग कंपनी के इतिहास का बड़ा पड़ाव होगी। पिछले साल हुई रिलायंस इंडस्ट्रीज की AGM में उन्होंने कहा था कि IPO की तैयारी लगभग पूरी हो चुकी है और कंपनी 2026 की पहली छमाही में लिस्टिंग का लक्ष्य लेकर चल रही है।
अब आकाश अंबानी को मिली नई जिम्मेदारी को सिर्फ एक पद नहीं, बल्कि रिलायंस साम्राज्य के भविष्य की दिशा तय करने वाले बड़े संकेत के तौर पर देखा जा रहा है।












