झारखंड में बढ़ने वाला है बड़ा आंदोलन? JPSC-JSSC अभ्यर्थियों का सरकार को अल्टीमेटम, रखीं 4 बड़ी मांगें
अनिश्चितकालीन धरना छठे दिन भी जारी, अभ्यर्थियों ने साफ कहा— मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन होगा और उग्र।

रांची: झारखंड में JPSC और JSSC अभ्यर्थियों का आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। विभिन्न मांगों को लेकर शुरू हुआ अनिश्चितकालीन धरना गुरुवार को छठे दिन भी जारी रहा। पहले मोरहाबादी स्थित बापू वाटिका से शुरू हुआ यह आंदोलन अब जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम पहुंच चुका है, जहां सैकड़ों अभ्यर्थी टेंट लगाकर धरने पर बैठे हैं।
प्रेस कॉन्फ्रेंस कर सरकार के सामने रखीं 4 बड़ी मांगें
धरने पर बैठे अभ्यर्थियों ने गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर सरकार के सामने अपनी चार सूत्री मांगें रखीं। उनका कहना है कि लंबे समय से प्रतियोगी परीक्षाओं और भर्ती प्रक्रियाओं से जुड़े मुद्दों पर वे न्याय की मांग कर रहे हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकला है।
हालांकि प्रेस कॉन्फ्रेंस में मांगों का विस्तृत विवरण अलग से साझा किया जाना है, लेकिन अभ्यर्थियों ने स्पष्ट कर दिया कि जब तक सरकार उनकी मांगों पर ठोस निर्णय नहीं लेती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
सरकार को दी चेतावनी
अभ्यर्थियों ने दो टूक कहा कि यदि सरकार ने जल्द उनकी समस्याओं का समाधान नहीं किया, तो आंदोलन को और व्यापक बनाया जाएगा। उनका कहना है कि यह लड़ाई केवल छात्रों और अभ्यर्थियों के भविष्य से जुड़ी है और इसे किसी भी राजनीतिक रंग में नहीं देखा जाना चाहिए।
‘राजनीति नहीं, छात्रों के अधिकार की लड़ाई’
अभ्यर्थियों ने स्पष्ट किया कि आंदोलन का मंच पूरी तरह गैर-राजनीतिक है। उन्होंने कहा कि किसी भी राजनीतिक दल का इस आंदोलन से सीधा संबंध नहीं होगा। हालांकि, यदि कोई राजनीतिक दल, जनप्रतिनिधि या सामाजिक संगठन नैतिक समर्थन देना चाहता है, तो उसका स्वागत किया जाएगा।
फिलहाल सभी की नजर राज्य सरकार के अगले कदम पर टिकी है। यदि जल्द बातचीत या समाधान नहीं निकला, तो यह आंदोलन आने वाले दिनों में और बड़ा रूप ले सकता है।









