Bilaspur News: सड़क के बीच बिजली के खंभे देख भड़के डिप्टी CM अरुण साव, 4 अफसरों पर भी गिरी गाज… बैठक में दिए ये सख्त निर्देश

Bilaspur: बिलासपुर में विकास कार्यों की समीक्षा बैठक के दौरान उप मुख्यमंत्री और जिले के प्रभारी मंत्री अरुण साव का सख्त रुख देखने को मिला। उन्होंने अधिकारियों को साफ निर्देश दिया कि विकास कार्यों में देरी किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। काम में तेजी के साथ गुणवत्ता और तय समय-सीमा का भी पूरा ध्यान रखना होगा।
जिला स्तरीय अधिकारियों की बैठक में उप मुख्यमंत्री ने वर्तमान जरूरतों के साथ-साथ भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखकर दूरदर्शी कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए। बैठक में विधायक धरमलाल कौशिक, धर्मजीत सिंह, सुशांत शुक्ला और दिलीप लहरिया भी मौजूद रहे।
सड़क के बीच बिजली के खंभे देख नाराज हुए अरुण साव
बैठक में बिल्हा के बरतोरी से मोहतरा मार्ग पर सड़क के बीच बिजली के खंभे लगाए जाने का मामला सामने आया। इस पर उप मुख्यमंत्री ने नाराजगी जताते हुए जिला पंचायत CEO को पूरे मामले की जांच कर रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि जांच में यदि किसी की लापरवाही सामने आती है तो संबंधित बिजली विभाग के अधिकारियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
बैठक से गायब 4 अधिकारियों को शो-कॉज नोटिस
बैठक में अनुपस्थित अधिकारियों को लेकर भी अरुण साव ने नाराजगी जाहिर की। उन्होंने बिल्हा, कोटा और तखतपुर जनपद पंचायत के CEO तथा रतनपुर नगर पालिका के CMO को शो-कॉज नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
उप मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को अपने-अपने विभागों की योजनाओं की नियमित समीक्षा करने और मैदानी स्तर पर काम की निगरानी सुनिश्चित करने को कहा।
जलभराव से निपटने के लिए अभी से तैयार करें प्लान
बिलासपुर शहर में पहली बारिश में सामने आई जलभराव की समस्या पर भी बैठक में गंभीर चर्चा हुई। अरुण साव ने अधिकारियों को ऐसी स्थायी कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए, जिससे आने वाले वर्षों में शहरवासियों को जलभराव की परेशानी से राहत मिल सके।
उन्होंने बारिश के कारण सड़कों पर होने वाले गड्ढों और क्षति की मरम्मत के लिए भी पहले से तैयारी रखने को कहा, ताकि बारिश समाप्त होते ही सड़कों का सुधार कार्य शुरू किया जा सके।
उन्होंने निर्माण विभागों की अलग से बैठक लेकर कार्यों की विस्तृत समीक्षा करने और निर्माण कार्यों में गुणवत्ता से किसी भी तरह का समझौता नहीं करने के निर्देश दिए।
गांव-गांव मलेरिया पर निगरानी, 48 मरीज मिले
बैठक में मौसमी बीमारियों की स्थिति की भी समीक्षा की गई। उप मुख्यमंत्री ने मलेरिया समेत अन्य बीमारियों की रोकथाम के लिए गांव स्तर तक लगातार निगरानी रखने को कहा।
CMHO डॉ. शुभा गरेवाल ने बताया कि कोटा विकासखंड में अब तक मलेरिया के 48 मरीज मिले हैं। इनमें 6 मरीज उपचाररत हैं, जबकि बाकी स्वस्थ हो चुके हैं। प्रभावित क्षेत्रों में रोटरी क्लब के सहयोग से 1500 मच्छरदानियां वितरित की जा रही हैं।
खाद-बीज पर्याप्त, किसानों के पंजीयन पर जोर
कृषि विभाग ने बताया कि जिले में पर्याप्त बारिश के कारण फसलों की स्थिति अच्छी है और बांधों में भी पर्याप्त पानी है। समितियों में करीब 300 क्विंटल बीज और 10 हजार मीट्रिक टन डीएपी, यूरिया समेत अन्य उर्वरक उपलब्ध हैं।
धान खरीदी को लेकर अरुण साव ने किसानों के एग्रीस्टैक पोर्टल पर पंजीयन पर विशेष जोर दिया। उन्होंने गांव-गांव शिविर लगाकर किसानों का पंजीयन कराने के निर्देश दिए और कहा कि पंजीयन के अभाव में एक भी किसान धान बेचने से वंचित नहीं होना चाहिए।
मल्हार-रतनपुर के लिए बनेगा मास्टर प्लान
ऐतिहासिक नगरी मल्हार और रतनपुर के समन्वित एवं सुनियोजित विकास के लिए मास्टर प्लान तैयार करने के निर्देश भी दिए गए।
अरुण साव ने कहा कि दोनों ऐतिहासिक स्थलों की विरासत, पर्यटन संभावनाओं और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए समग्र विकास की योजना बनाई जाए।
उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना, अधोसंरचना विकास और साफ-सफाई के काम में भी तेजी लाने को कहा। बिलासपुर में ISDP योजना के तहत बनाए गए आवासों की जरूरी मरम्मत कराकर पात्र गरीब परिवारों को जल्द आवंटित करने के निर्देश दिए।
जल जीवन मिशन में 310 योजनाएं पूरी
जल जीवन मिशन की समीक्षा में अधिकारियों ने बताया कि जिले में 804 सिंगल विलेज योजनाओं में से 310 योजनाएं पूरी हो चुकी हैं। इनमें 219 योजनाएं ग्राम पंचायतों को हस्तांतरित भी की जा चुकी हैं।
उप मुख्यमंत्री ने योजनाओं के बेहतर संचालन और रखरखाव के लिए जनभागीदारी से जल अर्पण अभियान चलाने पर जोर दिया।
जीवनदीप और आयुष समिति की बैठक में कई प्रस्ताव मंजूर
समीक्षा बैठक के बाद उप मुख्यमंत्री अरुण साव की अध्यक्षता में बिलासपुर जिला अस्पताल की जीवनदीप समिति और शासकीय आयुर्वेद महाविद्यालय की आयुष समिति की बैठक हुई।
इन बैठकों में अस्पताल और महाविद्यालय की सुविधाओं तथा विकास कार्यों से जुड़े विभिन्न प्रस्तावों पर चर्चा की गई और कई प्रस्तावों को मंजूरी दी गई।
बैठक में जिला पंचायत अध्यक्ष राजेश सूर्यवंशी, महापौर पूजा विधानी, कलेक्टर संजय अग्रवाल, SSP रजनेश सिंह, नगर निगम आयुक्त प्रकाश सर्वे, जिला पंचायत CEO संदीप अग्रवाल समेत विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।












