झारखंड : मंत्री इरफान अंसारी ने झारखंड के डॉक्टरों को दी Biometric हाजरी से मुक्ति, सिविल सर्जन को भी अब….

Jharkhand: Minister Irfan Ansari exempted Jharkhand doctors from biometric attendance, now civil surgeons too….

झारखंड के हेमंत कैबिनेट में स्वास्थ्य मंत्री डॉ इरफान अंसारी राज्य के स्वास्थ्य व्यवस्था को सुधारने का जिम्मा अपने कंधों पर उठाया है.वे लगातार इस काम को आगे बढ़ा रहै हैं. साथ ही राज्य के डॉक्टरों के लिए भी मंत्री इरफान अंसारी कई अहम फैसले ले रहे हैं.इसी बीच मंत्री इरफान अंसारी रविवार को झारखंड में सरकारी डॉक्टरों के संगठन झारखंड स्टेट हेल्थ सर्विसेज एसोसिएशन यानी झासा की नई निर्वाचित कमिटी के पदभार ग्रहण समारोह में पहुंचे. जहां उन्होंने राज्य के डॉक्टर औऱ सिविल सर्जन के लिए कई बड़ी घोषणाएं की है।

कार्यक्रम की तस्वीरें मंत्री ने एक्स पर साझा करते हुए लिखा-झारखंड राज्य स्वास्थ्य सेवा संघ (JSHSA) के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों के पदस्थापना समारोह में शामिल होकर शुभकामनाएँ दीं। नयी टीम के साथ मिलकर झारखंड की स्वास्थ्य सेवाओं को नई ऊँचाई देंगे।

ये खबर भी पढ़ें…
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

डायनेमिक एसीपी का मिलेगा लाभ

बता दें मंत्री इरफान अंसारी ने कार्यक्रम में कहा कि उनकी सरकार राज्य में चिकित्सा के क्षेत्र और खासकर डॉक्टरों के लिए ऐसी पॉलिसी बनाने जा रही है जिससे दूसरे राज्यों के डॉक्टर्स भी राज्य में सेवा देने के लिए आकर्षित होंगे. मंत्री ने इस दौरान बड़ा ऐलान कर दिया उन्होने कहा कि झारखंड के चिकित्सा सेवा संवर्ग के डॉक्टरों को भी बिहार के तर्ज पर डायनेमिक एसीपी का लाभ दिया जाएगा. यानी झारखंड के डॉक्टरों को अब केंद्र के तय मानकों की तर्ज पर प्रोन्नति का लाभ दिया जायेगा, बिहार में 2017 से डॉक्टरों को डायनेमिक एसीपी का लाभ दिया जा रहा है और अब बिहार की तर्ज पर झारखंड के डॉक्टरों को भी इसका लाभ मिलेगा।

ये खबर भी पढ़ें…
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

इसके साथ ही झारखंड सरकार ने राज्य के डॉक्टरों के लिए बड़ी राहत भरी घोषणा की है। अब डॉक्टरों को अपनी पसंद की पोस्टिंग मिलेगी और बायोमैट्रिक्स हाजिरी की अनिवार्यता भी समाप्त कर दी गई है। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि अब किसी भी डॉक्टर को अपनी मनचाही जगह पर पोस्टिंग मिल सकेगी। सरकार ने यह निर्णय डॉक्टरों की मांगों को ध्यान में रखते हुए लिया है। इससे डॉक्टरों को कार्यस्थल पर अधिक संतुष्टि मिलेगी और स्वास्थ्य सेवाओं में भी सुधार होगा। उन्होंने कहा कि सरकारी हस्तक्षेप को कम करते हुए डॉक्टरों की प्राथमिकताओं को महत्व दिया जाएगा। खासकर ग्रामीण और दूरदराज के इलाकों में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए सरकार कई अहम कदम उठा रही है। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि डॉक्टर अपनी जिम्मेदारियों को पूरी ईमानदारी से निभाते हैं, इसलिए डिजिटल उपस्थिति प्रणाली से उन्हें बाध्य करना उचित नहीं है।

सिविल सर्जन को डीसी के बराबर लाभ मिलेंगे

ये खबर भी पढ़ें…
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

कार्यक्रम के दौरान मंत्री इरफान अंसारी ने राज्य के सभी सिविल सर्जनों के लिए बहुत बड़ी घोषणा कर दी है. उन्होंने कहा कि राज्य के सिविल सर्जन को सुविधाएं उनके पद के अनुरूप मिलेगा ,जिले में उनके समकक्ष अधिकारी (उपायुक्त ) होते हैं,इसलिए सुविधाएं भी उनके बराबर के उपलब्ध कराए जाएंगे.

अस्पतालों में डॉक्टरों की कमी होगी दूर

झारखंड सरकार अब अस्पतालों में डॉक्टरों की कमी को दूर करने के लिए रिटायर्ड डॉक्टरों की सेवाओं को दोबारा लेने पर विचारकर रही है. औऱ साथ ही नए डॉक्टरों की भर्ती प्रक्रिया को भी तेज किया जाएगा।
मंत्री ने कहा कि सरकार का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण इलाकों में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करना है। डॉक्टरों से अपील है कि वे अपनी जिम्मेदारियों को पूरी निष्ठा से निभाएं और मरीजों को बेहतर चिकित्सा सेवाएं प्रदान करें।

Related Articles

close