नौतपा 2026: आसमान से बरसेगी आग! जानिए कब शुरू होगा सबसे तपता दौर और क्यों बढ़ रही चिंता…जानिए मौसम का हाल और जरूरी सावधानियां

Nautapa 2026: Fire Will Rain Down from the Sky! Find Out When This Scorching Phase Begins and Why Concerns Are Mounting—Plus, Get the Weather Forecast and Essential Precautions.

देशभर में गर्मी ने लोगों का जीना मुश्किल कर दिया है। कई राज्यों में तापमान लगातार नए रिकॉर्ड तोड़ रहा है। ऐसे में अब नौतपा की दस्तक ने लोगों की बेचैनी और बढ़ा दी है। मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले दिनों में गर्म हवाएं और तेज धूप लोगों की मुश्किलें कई गुना बढ़ा सकती हैं।

धार्मिक मान्यताओं में नौतपा को बेहद अहम माना जाता है, वहीं वैज्ञानिक भी इस दौरान बढ़ने वाली गर्मी को लेकर अलग-अलग पहलुओं पर अध्ययन कर रहे हैं। यही वजह है कि इस बार नौतपा को लेकर खास चर्चा हो रही है।

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कब से शुरू होगा नौतपा, कितने दिन रहेगा असर?

नौतपा की शुरुआत 25 मई से मानी जाती है। यह लगातार नौ दिनों तक चलता है और 3 जून तक इसका प्रभाव देखने को मिलता है। मान्यता है कि इस दौरान सूर्य की किरणें सबसे ज्यादा तीखी होती हैं, जिससे धरती पर भीषण गर्मी पड़ती है।

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मौसम जानकारों का कहना है कि इस अवधि में लू, तेज धूप और उमस का असर कई इलाकों में खतरनाक स्तर तक पहुंच सकता है। हालांकि 9 जून के बाद गर्मी की रफ्तार में कुछ कमी आने की संभावना जताई जा रही है।

आखिर क्यों पड़ती है नौतपा में इतनी भीषण गर्मी?

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नौतपा को लेकर धार्मिक और वैज्ञानिक दोनों तरह की चर्चाएं होती रही हैं। पारंपरिक मान्यताओं के अनुसार, इस समय सूर्य रोहिणी नक्षत्र में प्रवेश करता है, जिससे गर्मी चरम पर पहुंचती है।

वहीं कुछ वैज्ञानिक अध्ययनों में इसे सूर्य के भीतर चल रही सौर गतिविधियों से जोड़कर देखा जाता है। बताया जा रहा है कि सूर्य की सतह पर बनने वाले कोरोनल होल और सनस्पॉट जैसी घटनाएं पृथ्वी के मौसम को प्रभावित कर सकती हैं।

सौर गतिविधियों ने बढ़ाई वैज्ञानिकों की दिलचस्पी

विशेषज्ञों के अनुसार सूर्य की आंतरिक सतह पर होने वाली गतिविधियों के कारण तेज सौर पवन पृथ्वी की ओर बढ़ती है। इससे वातावरण में बदलाव देखने को मिल सकता है।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, सूर्य पर बने एक छोटे सनस्पॉट क्षेत्र ने सौर ज्वालाओं को सक्रिय किया था। वैज्ञानिकों ने इस दौरान तेज सौर ऊर्जा उत्सर्जन दर्ज किया, जिसने मौसम वैज्ञानिकों का ध्यान खींचा। हालांकि पृथ्वी पर इसके सीधे प्रभाव को लेकर अभी पूरी तरह स्पष्ट निष्कर्ष सामने नहीं आया है।

अब भी वैज्ञानिकों के लिए रहस्य बना है मौसम पर सूर्य का असर

वैज्ञानिक लंबे समय से यह समझने की कोशिश कर रहे हैं कि सूर्य की गतिविधियां पृथ्वी के मौसम और जलवायु को किस हद तक प्रभावित करती हैं। अब तक कई रिसर्च हुई हैं, लेकिन पूरी तस्वीर अभी साफ नहीं हो पाई है।

शोधकर्ताओं का मानना है कि सौर पवन बादलों, तापमान और वातावरण की नमी को अप्रत्यक्ष रूप से प्रभावित कर सकती है। यही कारण है कि नौतपा जैसे मौसमीय बदलावों को लेकर वैज्ञानिक लगातार अध्ययन कर रहे हैं।

गर्मी से बचाव के लिए बरतें सावधानी

नौतपा के दौरान विशेषज्ञ लोगों को दोपहर में बाहर निकलने से बचने, पर्याप्त पानी पीने और शरीर को हाइड्रेट रखने की सलाह दे रहे हैं। खासकर बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों को अधिक सतर्क रहने की जरूरत बताई जा रही है।

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