धोनी के नाम का झांसा देकर बच्चा अपहरण फिर 1.20 लाख में किया सौदा, 8 गिरफ्तार

रांची : राजधानी रांची में भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी के नाम का झांसा देकर डेढ़ साल के बच्चे के अपहरण मामले का पुलिस ने खुलासा किया है. पुलिस ने मामले मे 08 आरोपियों को गिरफ्तार किया है. वहीं बच्चे को भी सकुशल बरामद कर लिया गया है. एसएसपी चंदन कुमार सिन्हा ने पूरे मामले की जानकारी दी है।
दरअसल, रांची भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धौनी से पैसा और आवास दिलाने का झांसा देकर भीख मांगनेवाली महिला के डेढ़ साल के बच्चे को अगवा करनेवाले आठ आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. आरोपियों ने यह बच्चा 1.20 लाख रुपये में इटखोरी के एक दंपती को बेच दिया था.
रांची के अरगोड़ा थाना क्षेत्र के हरमू इलाके से 22 अक्टूबर को बच्चे के अपहरण का मामला सामने आया था. जिसके बाद मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए रामगढ़, चतरा और हजारीबाग से आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया. गिरफ्तार आरोपियों के गिरोह का मास्टरमाइंड साजिद अंसारी है, जो पहले भी मानव तस्करी के आरोप में जेल जा चुका है.
एसएसपी चंदन कुमार सिन्हा ने बताया कि जगन्नाथपुर थाना क्षेत्र के लीची बगान की रहनेवाली मधु देवी ने 22 अक्तूबर 2023 को अपने डेढ़ साल के बेटे रूद्र राज के अगवा होने की प्राथमिकी अरगोड़ा थाने में दर्ज करायी थी. इसके आधार पर एसआईटी गठित कर अनुसंधान शुरू किया गया था. इस दौरान मिले सुराग के आधार पर सबसे पहले विनय वर्मा और सलुजा बेगम को गिरफ्तार किया गया. रांची में मजदूरी करने के दौरान इन दोनों के बीच मधुर संबंध बने थे. इन्हीं दोनों ने बच्चे को अगवा किया था. दोनों ने पूछताछ में बताया कि चान्हो निवासी साजिद अंसारी उर्फ बबलू और रामगढ़ के कृष्णा मिश्रा ने कुछ दिन पहले इनसे कहा था कि पालने के लिए एक छोटा बच्चा चाहिए. इसके एवज में बबलू ने इन्हें 10 हजार रुपये भी दिये थे. इसके बाद विनय और सलुजा ने बच्चे की खोज शुरू की. उसी दौरान इन्होंने हिनू में भीख मांग रही एक महिला से उसका बच्चा मांगा, पर महिला ने इनकार कर दिया. इस इन दोनों ने महिला भिखारी को महेंद्र सिंह धौनी से पैसा व आवास दिलवाने का झांसा दिया और उसे हरमू की तरफ ले आये. इसके बाद उसका बच्चा लेकर फरार हो गये.











