“Bihar School News: स्कूल में छात्रा से कराई कंधे की मालिश, जांच हुई तो खुल गई लापरवाही की पूरी पोल! 4 शिक्षक सस्पेंड”
गरहथा कला मध्य विद्यालय में सामने आई गंभीर लापरवाही; जांच में मालिश कराने के साथ पाठ टीका, गृहकार्य, समयसारिणी और मोबाइल इस्तेमाल से जुड़ी कई अनियमितताएं भी मिलीं

इस खबर को आपके न्यूज़ पोर्टल के लिए जोरदार और थोड़ा suspense वाला एंगल देते हुए तैयार किया है:
बक्सर: ब्रह्मपुर प्रखंड के गरहथा कला मध्य विद्यालय में छात्रा से कंधे की मालिश कराने के मामले में शिक्षा विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। विभाग ने विशिष्ट शिक्षक रामबचन यादव, प्रधानाध्यापक समेत चार शिक्षकों को निलंबित कर दिया है। मामले की जांच प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी के निरीक्षण के बाद शुरू हुई थी।
छात्रा से मालिश कराने का आरोप
मामला उस समय सामने आया जब विद्यालय में कार्यरत विशिष्ट शिक्षक रामबचन यादव पर एक छात्रा से कंधे की मालिश कराने का आरोप लगा। घटना की जानकारी मिलने के बाद शिक्षा विभाग ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच कराई।
जांच के दौरान विद्यालय में शिक्षण व्यवस्था से जुड़ी कई अन्य अनियमितताएं भी सामने आईं।
जांच में खुलीं कई लापरवाहियां
जांच में रामबचन यादव पर छात्रा से मालिश कराने के अलावा कई अन्य आरोप भी सही पाए गए। इनमें पाठ टीका तैयार नहीं करना, विद्यार्थियों को गृहकार्य नहीं देना और निर्धारित समयसारिणी के अनुसार कक्षाएं संचालित नहीं करना शामिल है।
इसके अलावा शिक्षक पर विद्यालय में ड्यूटी के दौरान मोबाइल फोन में व्यस्त रहने का आरोप भी जांच में सही पाया गया।
प्रधानाध्यापक समेत चार शिक्षक निलंबित
प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी के निरीक्षण के बाद आरोपों की जांच की गई। जांच में अनियमितताएं सामने आने के बाद विभाग ने मामले में कार्रवाई करते हुए विशिष्ट शिक्षक रामबचन यादव, प्रधानाध्यापक समेत कुल चार शिक्षकों को निलंबित कर दिया।
विभाग की इस कार्रवाई के बाद विद्यालय में शिक्षण व्यवस्था और शिक्षकों की जिम्मेदारी को लेकर भी चर्चा तेज हो गई है।
शिक्षा विभाग ने लिया कड़ा रुख
छात्रा से इस तरह का व्यवहार किए जाने के आरोप और विद्यालय में सामने आई अन्य लापरवाहियों को विभाग ने गंभीरता से लिया है। निलंबन की कार्रवाई के बाद अब मामले से जुड़े अन्य पहलुओं पर भी विभागीय स्तर पर नजर रखी जा रही है।
इस घटना ने स्कूलों में बच्चों की सुरक्षा, शिक्षकों की जिम्मेदारी और कक्षा संचालन में अनुशासन को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।












