35 को उम्रकैद की सजा: डबल मर्डर केस में कोर्ट ने सुनायी सजा, चाचा-भतीजा की हुई थी हत्या

बिहार। पूर्णिया में एक अदालत ने दो लोगों की हत्या के आरोप में दोषी पाए गए 35 लोगों पर 9 साल बाद अपना फैसला सुनाया है। सभी आरोपियों को उम्रकैद की सजा सुनाई है और 13-13 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया। यह एतिहासिक फैसला न्यायाधीश राजीव रंजन ने शनिवार को सुनाया। अपर अभियोजक ने बताया कि इस मामले में अदालत ने 16 लोगों की गवाही को कलमबंद किया।
जमीन विवाद से जुड़ा था मामला……
जनवरी 2013 को थाने में मृतक जमीरुद्दीन के बेटे के द्वारा दर्ज करायी गई प्राथमिकी के अनुसार सभी नामजद आरोपी लाठी, डंडाले कर मृतक के घर पहुंचे और उनसे मारपीट मारपीट शुरू कर दी। इस मारपीट के दौरान उनके पिता बुरी तरह जख्मी हो । आरोपियों ने बीच बचाव करने आए परिवार के अन्य लोगों पर भी जानलेवा हमला किया। इसमें खुद मो. जकीर भी घायल हुए तथा साथ में उनके चचेरे भाई मसदर आलम बुरी तरह जख्मी हो गए। लोगों की मदद से घायलों को अस्पताल पहुंचा गया लेकिन जमीरुद्दीन और मसदर आलम की लेख को बचाया नहीं जा सका। आरोपी मृतक जमीन पर कब्जा करना चाहते थे इसलिए सभी लोगों ने मिलकर इस घटना को अंजाम दिया।
40 लोगो के खिलाफ़ किए गई थी शिकायत
हत्या को ले मृतक जमीरउद्दीन के पुत्र मो. जकीर ने थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी जिसमें 40 लोगों को नामजद किया गया था। जिसमें कुछ लोगो की मृत्यु हो चुकी है। अदालत में 35 लोगों पर मुक़दमा चल रहा था।
प्राथमिकी दर्ज होने के बाद पुलिस ने जांच शुरू की। पुलिस ने जांच मे 45 लोगों को नामजद किया और उनके खिलाफ अदालत में चार्जशीट दाखिल किया। अदालत ने चार्जशीट दाखिल होने के बाद आरोपियों के खिलाफ मुकदमे का ट्रायल शुरू हुआ। इस ट्रायल में कुल 35 लोग शामिल हुए। सभी को अदालत अगला धारा 120 बी, 147, 148, 149, 323, 427, 341, 342, 307, 326, 302 के तहत दोषी ठहराया और कारावास की सजा के साथ जुर्माना लगाया।
सजा पाने वालो मैं है ये लोग शामिल
उम्रकैद की सजा पाने वाले में शमशुल, मैनुल, ताहिर, एनामुल, नजीर, जहीर, सुकरुद्दीन, मुस्ताक अहमद, मुसा, उमर फारुक, तैफुल रहमान, जहांगीर, सफरुद्दीन, हसन, बकर, सुल्तान, अफसर, अब्दुल समद, रज्जाक उर्फ सज्जाद अली, हकीम उर्फ अब्दुल हकीम, युसूफ, जिआउल हक, इब्राहिम, शाहजहां, हुसैन, अंसार, अब्दूल रज्जाक, रहीम, आजाद, काजीम, इस्लाम, सिराज, सैबुल रहमान, जलाल उर्फ कालू एवं अबुल कासीम शामिल हैं।












