झारखंड में 4 फरवरी को आदिवासी संगठनों का शक्ति प्रदर्शन, आदिवासी एकता महरैली में जुटेंगे प्रदेश भर से लोग

रांची। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से ED की पूछताछ के दौरान आदिवासियों की राजधानी में दिखी लामबंदी अब बड़े रूप में नजर आने वाली है। 4 फरवरी को आदिवासी संगठन रांची में शक्ति प्रदर्शन करेंगे। झारखण्ड सरकार की समन्वय समिति के सदस्य और झारखण्ड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के कार्यकारी अध्यक्ष बंधु तिर्की ने कहा है कि, आदिवासियों के हक और अधिकार की पाने के लिये ही आदिवासी एकता महारैली का आयोजन किया गया है और इसे सभी का उत्साहपूर्ण सहयोग मिल रहा है।
4 फरवरी 2024 को मोरहाबादी मैदान में होने वाली रैली की तैयारी के सिलसिले में रांची के दहिसोत बनहोरा स्थित जतरा मैदान में बैठक हुई। बैठक में बंधु तिर्की ने लोगों को सम्बोधित करते हुए उन्होंने कहा कि इस महारैली से आदिवासी समाज की जागरूकता को बढ़ावा मिलेगा। इसलिये सभी को इसके लिये गंभीर होना पड़ेगा. श्री तिर्की ने कहा कि आदिवासी अपने अधिकार के लिये रैली मे शामिल होकर अपनी ताकत दिखाऐं।
बैठक में कमड़े पंचायत की मुखिया नीलम तिर्की, पूर्व मुखिया (पंडरा) सुनील तिर्की, पूर्व पार्षद सुनील टोप्पो, कमड़े पंचायत समिति की सदस्य शिल्पा कच्छप, पूर्व मुखिया कमड़े संजय तिर्की, समाजसेवी शिवा कच्छप, राजेश लिंडा, प्रकाश तिर्की, राजेश लकड़ा, सुका तिर्की, मुन्तजीर खान, प्रधान लालू खलखो, अलविन लकड़ा, गोपाल तिर्की, जुले तिग्गा सहित अनेक लोग उपस्थित थे।











