7th Pay Commission: कर्मचारियों की बढ़ने वाली है सैलरी….महंगाई भत्ता के बाद अब न्यूनतम सैलरी भी बढ़ेगी

नयी दिल्ली: 7th Pay Commission: महंगाई के बीच कर्मचारियों के लिए एक राहत की खबर है। जल्द ही केंद्रीय कर्मचारियों की सैलरी बढ़ सकती है। सबकुछ ठीक रहा जो केंद्रीय कर्मचारियों की न्यूनतम सैलरी बढ़ सकती है। खबर है कि केन्द्रीय कर्मचारी की सैलरी बढ़ाने के लिए फिटमेंट फैक्टर में बढ़ोतरी का विचार केंद्र सरकार कर रही है। दीपावली पूर्व 28 सितंबर को केंद्र ने अपने कर्मचारियों और पेंशनर्स को बड़ी राहत देते हुए महंगाई भत्ता में 4 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी की थी। केंद्रीय कर्मचारियों को फिलहाल 38 प्रतिशत डीए मिल रहा है। केंद्र की तर्ज पर झारखंड, राजस्थान, यूपी सहित कई राज्यों ने भी अपने कर्मचारियों का महंगाई भत्ता बढ़ा दिया है।

DA के साथ न्यूनतम सैलरी भी बढ़ेगी

केंद्रीय कर्मचारियों को अभी 38 प्रतिशत महंगाई भत्ता मिल रहा है, लेकिन केंद्र सरकार कर्मचारियों को एक और बड़ा तोहफा देने जा रही है, जिसके बाद कर्मचारियों की बेसिक सैलरी भी बढ़ जायेगी। ये बढ़ोत्तरी कर्मचारियों की मिनिमम सैलरी में फिटमेंट फैक्टर बढ़ने के बाद होगी। फिटमेंट फैक्टर केन्द्रीय कर्मचारियों की मिनिमम सैलरी तय करने का एक पैमाना है।

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18000 से 26,000 हो सकती है न्यूनतम सैलरी

मौजूदा परिस्थिति में फिटमेंट फैक्टर के आधार पर केन्द्रीय कर्मचारियों की न्यूनतम सैलरी 18,000 रुपये है, इसे बढ़ाने की मांग लंबे समय से चल रही है। जानकारी के मुताबिक ने अब केंद्र ने इसे बढ़ाने का प्लान करना शुरू कर दिया है, जिसके बाद कर्मचारियों की न्यूनतम सैलरी फिटमेंट फैक्टर के आधार पर 26,000 रुपये हो सकती है। हालांकि जानकार बताते हैं कि अभी इस पर शुरुआती एक्सरसाइज ही चल रहा है, लिहाजा इसे लागू होने में अभी काफी लंबा वक्त लग सकता है। आखिरी चरण में इस पर कैबिनेट की भी मुहर लगनी होगी। दरअसल अभी चर्चा के बाद वित्त विभाग इस पर प्रस्ताव तैयार करेगा, जो अलग-अलग प्रक्रियाओं के बाद कैबिनेट में आयेगा और फिर उस पर निर्णय लिया जायेगा। सूत्र बताते हैं कि बजट में केंद्र सरकार इसे लेकर घोषणा कर सकती है।

सैलरी में हो सकती है बंपर बढ़ोतरी

जानकारी के मुताबिक फिटमेंट फैक्टर के आधार पर न्यनतम सैलरी को लेकर दो प्रस्ताव तैयार किये गये हैं, जिसमें एक प्रस्ताव में केंद्रीय कर्मचारियों की मिनिमम सैलरी 26,000 और दूसरे प्रस्ताव में मिनिमम सैलरी 21, 000 रखी गयी है। केंद्र सरकार ने सितंबर में महंगाई भत्ता 4 प्रतिशत बढ़ाया था। केन्द्रीय कर्मचारियों और पेंशनर्स का जो डीयरनेस अलाउंस और डीयरनेस रिलीफ जारी कर दिया है। महंगाई भत्ते में बढ़ोत्तरी ऑल इंडिया कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स के 12 महीने के औसत पर तय की जाती है। मिली जानकारी के मुताबिक महंगाई भत्ते में अमूमन सरकार साल में दो बार बढ़ोत्तरी करती है। एक बार दिसंबर तक समाप्त होने वाली अवधि के आधार पर, दूसरी जून में समाप्त होने वाली अवधि के आधार पर। महंगाई भत्ते में इस बढ़ोत्तरी से सरकारी खजाने पर सालाना 6,591.36 करोड़ रुपये का बोझ आएगा।

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