मारे गये ASI को 56 लाख मुआवजा: RPF कांस्टेबल ने चलती ट्रेन में क्यों की फायरिंग? पकड़ने गये पुलिसकर्मियों को भी दी थी गोली मारने की धमकी

जयपुर। जयपुर-मुंबई एक्सप्रेस में हुई गोलबारी में ASI सहित चार लोगों की मौत ने सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिये हैं। कांस्टेबल ने गोली क्यों मारी? … पूरे घटना के पीछे की वजह क्या है? इसे लेकर पुलिस की जांच जारी है। इधर ASI के शव को पोस्टमार्टम के बाद परिजनों के सुपूर्द कर दिया गया है। आज ASI टीकाराम मीणा का अंतिम संस्कार कर दिया जायेगा। एएसआई टीकाराम को रेलवे की ओर से करीब 56 लाख रुपये दिए जाएंगे। इसमें एक्स-ग्रेशिया 25 लाख रुपये, रेलवे सुरक्षा कल्याण निधि के तहत 15 लाख, अंतिम संस्कार के लिए 20,000, DCRG 15 लाख और GIS करीब 65000 रुपये दिए जाएंगे।

जानकारी के अनुसार आरोपी कॉन्स्टेबल चेतन का गुजरात से ट्रांसफर मुंबई सेंट्रल हो गया था। ट्रांसफर को लेकर वह नाराज था। परिवार में दिक्कत को लेकर वह मानसिक रूप से परेशान चल रहा था। जयपुर से मुंबई जा रही ट्रेन में एएसआई टीकाराम एस्कॉर्ट प्रभारी थे और चेतन एस्कॉर्ट ड्यूटी पर तैनात था। सोमवार सुबह करीब 5:15 बजे किसी बात को लेकर कॉन्स्टेबल का एएसआई से झगड़ा हो गया। कहासुनी के बाद गुस्साएं कॉन्स्टेबल ने सर्विस गन से फायरिंग कर दी।

ये खबर भी पढ़ें…
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

इससे पहले सोमवार को चलती ट्रेन में RPF कांस्टेबल ने एक के बाद एक चार लोगों को गोलियों से भून डाला। इस फायरिंग में RPF के एक ASI और तीन यात्रियों की मौत हो गई। फिलहाल आरोपी कांस्टेबल को गिरफ्तार कर उससे पूछताछ की जा रही है और इस गोलीबारी के पीछे की वजह पूछी जा रही है। इस बीच, आरपीएफ के आईजी प्रवीण सिन्हा ने कहा, “हमलावर चेतन गर्म खून का था। हाल ही में छुट्टी से आया था। पहले उसने गोली अपने सीनियर पर चलाई। उसके बाद जो सामने दिखा उस पर गोली चलाई। आरोपी चेतन फायरिंग करने के बाद मीरा रोड स्टेशन के आगे ट्रैक पर उतरकर भागने लगा।

ट्रैक पर भागते देख महाराष्ट्र पुलिस के जीआरपी के जवानों ने चेतन को घेर लिया। तब चेतन ने जीआरपी के जवानों को कहा कि आप मुझे पकड़ेंगे, तो आप पर भी फायरिंग कर दूंगा। इसके बाद वो मैंग्रोव में भागने लगा। बड़ी मुश्किल से चेतन को पकड़ा गया।” वहीं, घटना पर पश्चिम रेलवे पुलिस आयुक्त, मुंबई ने कहा, “RPF कांस्टेबल चेतन की तबीयत गड़बड़ थी, उसके बाद उसने अपना आपा खो दिया। कोई बहस नहीं हुई थी।” गोलीबारी की घटना में एएसआई टीकाराम की मौत हो गई। इसके बाद ASI टीकाराम के लिए रेलवे की ओर से मुआवजा दिए जाने की जानकारी सामने आई है।”

ये खबर भी पढ़ें…
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

श्यामपुरा गांव के पूर्व सरपंच रामधन मीणा ने बताया- टीकाराम के पिता का नाम रामकरण मीणा है। इकलौते बेटे थे। एक महीने पहले ड्यूटी पर गए थे। पांच-छह महीने बाद ही रिटायर होने की बात घर पर कहकर गए थे। घर में मां भूरी देवी, पत्नी बर्फी देवी, एक बेटा और बेटी है। बेटे का नाम दिलकुश मीणा है। शादी हो चुकी है। कॉम्पिटिशन एग्जाम की तैयारी कर रहा है। बेटी पूजा की भी शादी हो चुकी है।

ये खबर भी पढ़ें…
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

Related Articles

close