Snake Root: सांप और बिच्छू से बचने के लिए लगाइए ये पौधा, बरसात में घर के आस पास भटकने भी नहीं देगा

रांची: यूं तो सांप किसी भी मौसम में दिख जाए तो इंसान की रूह कांप जाती है लेकिन खासतौर पर बरसात ऐसा मौसम है, जब सांपों के दिखने की घटनाएं बढ़ जाती हैं. गांवों में तो सांपों के काटने की घटनाएं भी खूब सुनने में आती हैं, जिसके बाद नीम-हकीम से लेकर दुआ-भभूत तक सब आज़माया जाता है. आजकल सांप के ज़हर का तोड़ तो मेडिकल साइंस में मौजूद है लेकिन एक ऐसा पौधा भी है, जिसे लगाने के बाद सांप आपके घर के आसपास नहीं भटकेंगे।

इस पौधे का वैज्ञानिक नाम जर्मनी के प्रख्यात फिजिशियन, वनस्पतिशास्त्री, यात्री तथा लेखक लियोनार्ड राओल्फ (Leonard Rauwolf) के सम्मान में दिया था. चरक संहिता के अलावा अंग्रेज़ रम्फियस ने जावा में इस पौधे का इस्तेमाल हर तरह के विष को निष्क्रिय करने के लिए किया जाता है. उनके मुताबिव विषैले सर्पों के विष को भी ये दवा प्रभावहीन करने में सक्षम है. हालांकि अब मेडिकल हेल्प उपलब्ध है, ऐसे में डॉक्टर के पास ले जाना ही सुरक्षित रहता है लेकिन विषम परिस्थितियों में बिच्छू और मकड़ी के ज़हर को भी पौधे की पत्तियां और छाल कम कर सकती है।

ये खबर भी पढ़ें…
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

सर्पगंधा का वैज्ञानिक नाम रावोल्फिया सर्पोंटीना है. इसे सपेंटीन या स्नेक रूट के नाम से भी जाना जाता है, जबकि सर्पगंधा इसका संस्कृत नाम है. प्राकृतिक गुणों से भरपूर सर्पगंधा बरसात के मौसम में सांपों को दूर भगाने के लिए बगीचे में लगाया जाता है. इसकी पत्तियां चमकीली और हरी होती हैं, जबकि जड़ों का रंग पीला और भूरा होता है. कहा जाता है कि इस पौधे की गंध इतनी अजीब होती है कि सांप इसे सह नहीं पाते और दूर भाग जाते हैं. इसकी खासियत इतनी ही नहीं है ये इस्तेमाल किया जाता रहा है।

गमले में लग सकता है सर्पगंधा का पौधा

सर्पगंधा का पौधा काफी छोटा होता है. इस पौधे में सिंदूरी कलर के पुष्प आते हैं. सर्पगंधा का पौधा आसानी से गमले में लगाया जा सकता है. जहरीले जीव-जंतु सर्पगंधा की गंध से दूर भागते हैं. जिस घर में या आसपास सर्पगंधा का पौधा लगा हो, वहां विषैले जीव-जंतु पहुंचते नहीं है. सर्पगंधा का पौधा विषैले जीवों का सबसे बड़ा दुश्मन माना जाता है. इसके प्रभाव से सांप-बिच्छू आदि भी दूर भाग जाते हैं. जहरीले जंतुओं के काटने पर भी इस पौधे के पत्तों व जड़ों को औषधीय प्रयोग में लाया जाता है. सर्पगंधा से कई अन्य दवाएं भी बनती हैं. यह पौधा बेहद दुर्लभ

ये खबर भी पढ़ें…
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

Related Articles

close