अजीबोगरीब परंपरा : यहां होने वाली दुल्हन के ऊपर फेंका जाता है कीचड़, फोड़े जाते हैं सड़े अंडे…. जानें क्यों

शादी की परंपरा ज्यादातर समाज में देखने को मिलती है। शादी से पहले दुल्हन को सजाने में लोगों का विश्वास होता है। दुल्हन खूबसूरत दिखे, इसके लिए काफी दिन पहले से ही उसका खास ध्यान रखा जाता है। ऐसा इसलिए होता है ताकि दुल्हन सबसे सुंदर दिखे। शादी से जुड़ी कई अनोखी परंपराएं दुनिभर में देखने को मिलती है लेकिन स्कॉटलैंड में ऐसी प्रथा है जिसके बारे में सुनकर आप हैरान हो जाएंगे। स्कॉटलैंड के कुछ गांव में शादी से पहले दुल्हन पर चढ़ की बरसात की जाती है इस प्रथा में दुल्हन पर तमाम पर गंदी चीजें पर की जाती है कहीं कहीं पर तो दूल्हा दुल्हन दोनों पर शादी से पहले कीचड़ फेंकी जाती है और अंडे मारे जाते हैं।
क्या है कीचड़ फेंकने वाली प्रथा
दूल्हे और दुल्हन को गंदगी से नहलाने वाली इस प्रथा को ब्लैकनिंग दी ब्राइड के नाम से जाना जाता है। स्कॉटलैंड के उत्तर पश्चिम इलाके के कई गांव में ज्यादातर ये परंपरा देखने को मिलती है। इसमें खासकर काली स्याही या कालिख दूल्हे-दुल्हन को जरूर पोती जाती है। अब आप सोच रहे होंगे कि दूल्हा-दुल्हन पर अंडे या गंदगी की बरसात क्यों करते हैं? आपको बता दें कि स्कॉटलैंड के इन गांवों में दुल्हन पर फेंकी जाने वाली गंदगी, काला पेंट, काली स्याही, अंडा, सड़ा खाना और दूसरी चीजें को गुड लक के साइन से जोड़कर देखा जाता है। यहां ऐसी मान्यता है कि इस प्रथा के बाद जब लड़का और लड़की वैवाहिक जीवन में प्रवेश करते हैं तो उनके आगे की जिंदगी खुशहाल गुजरती है। स्कॉटलैंड में होने वाली यह प्रथा एक मैसेज के तौर पर भी है कि शादी गुलाब की तरह खूबसूरत नहीं है बल्कि उसमें तमाम तरह की मुश्किलें भी आती है और दोनों को मिलकर इन समस्याओं से निपटना पड़ता है।
कैसे हुई इस प्रथा की शुरुआत
यूनिवर्सिटी ऑफ एबर्दीन की एक रिसर्चर का कहना है कि इस प्रथा की शुरुआत 19वीं शताब्दी के दौरान हुई, जब महिलाओं के पैरों को शादी के दौरान साफ करने के लिए चूल्हे से निकलने वाले कालिख का इस्तेमाल किया जाता था। 20वीं शताब्दी आते-आते तक यह एक मजेदार प्रथा में बदल गई जिसमें दूल्हे और दुल्हन दोनों पर गंदी चीजें फेंकी जाने लगीं।









